केरल सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति अत्याचार रोकथाम अधिनियम पर 20 मार्च के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर की

केरल सरकार ने उच्चतम न्यायालय में अनुसूचित जाति – अनुसूचित जनजाति अत्याचार रोकथाम अधिनियम पर 20 मार्च के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर की है।

राज्य सरकार ने याचिका में कहा है कि इस फैसले के बाद अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।

उच्चतम न्यायालय ने 20 मार्च के फैसले में अधिनियम में अग्रिम जमानत का प्रावधान जोड़ते हुए व्यवस्था दी थी कि इसके तहत किसी भी शिकायत पर तुरन्त गिरफ्तारी नहीं होगी।

केन्द्र ने पहले ही इस फैसले पर पुनर्विचार याचिका दायर की है।

फैसले को लेकर अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति में आक्रोश है। उनका कहना है कि इससे अधिनियम को कमजोर किया गया है।

Related posts

Leave a Comment