जेटली ने 2018 में अर्थव्यवस्था के 7.7 फीसदी की दर से बढ़ने की जताई उम्मीद

Jaitley hopes to increase economy by 7.7% in 2018

विश्व में एक नई व्यवस्था आकार ले रही है। इसमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका जैसी उभरती अर्थव्यवस्थाएं शामिल है। नई दिल्ली में न्यू डेवलपमेंट बैंक की दूसरी सालाना बैठक हुई, इस बैंक को ब्रिक्स बैंक के नाम से भी जाना जाता है। भारत में पहली बार इसकी बैठक हुई। बैठक को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने ब्रिक्स न्यू डेवलपमेंट बैंक की प्रशंसा करते हुए कहा कि इसने वैश्विक चुनौतियों का बखूबी सामना किया है। साथ ही वित्त मंत्री ने कहा कि भारत को अगले पांच साल में अवसंरचना विकास के लिए 646 अरब डॉलर की जरूरत होगी।

वित्त मंत्री ने कहा कि भारत ने कई सुधारों को लागू किया है और भारतीय अर्थव्यवस्था के 2017 में 7.2 फीसदी की दर से और 2018 में 7.7 फीसदी के दर से विकास करने की उम्मीद है। साथ ही वित्त मंत्री ने कुछ अर्थव्यवस्थाओं की संरक्षणवाद की अंतर्मुखी नीतियों को उभरती बाजार अर्थव्यवस्था के लिए चुनौती बताया। न्यू डेवलपमेंट बैंक के अध्यक्ष के वी कामथ ने कहा कि बैंक का मुख्य रुप से ध्यान सतत विकास पर है।

सालाना बैठक के उद्घाटन समारोह को चीन के वित्त मंत्री, ब्राजील के वित्त मंत्री, रूस के उप वित्त मंत्री, यूरोपीयन इंवेस्टमेंट बैंक के अध्यक्ष, अफ्रीकन डेवलपमेंट बैंक के अध्यक्ष, यूरोपीयन बैंक फॉर रिकंस्ट्रक्शन एंड डेवलपमेंट के अध्यक्ष ने भी संबोधित किया।

इस मौके पर न्यू डेवलपमेंट बैंक ने यूरोपीयन इंवेस्टमेंट बैंक, यूरोपीयन बैंक फॉर रिकंस्ट्रक्शन एंड डेवलपमेंट, एशियन इंफ्रास्ट्रक्चर इंवेस्टमेंट बैंक, यूरेशियन डेवलपमेंट बैंक और इंटरनेशनल इंवेस्टमेंट बैंक के साथ समझौते पत्र पर भी हस्ताक्षर किए।

भारत ने न्यू डेवलपमेंट बैंक से अलग-अलग परियोजनाओं के लिए 2 अरब डॉलर के कर्ज की मांग की है। भारत ने एनडीबी के साथ मध्य प्रदेश में जिलों के मुख्य सड़कों के विकास और उन्नयन के लिए 350 मिलियन डॉलर के ऋण समझौते पर भी हस्ताक्षर किया है। यह भारत में किसी परियोजना के लिए एनडीबी की तरफ से दी जाने वाली पहली सहायता है। नई दिल्ली में चौथे ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान भारत ने इस बैंक की स्थापना का प्रस्ताव रखा था।

Related posts

Leave a Comment